ज़िन्दगी ने सिखलाये है करीब से सबक-हालात ज़िन्दगी के
मुझको

हर हालात ने दिखलाय है करीब से नकाब-चेहरे ज़िन्दगी के
मुझको

हर चेहरे ने छुपाये है करीब से राज-नकाब हकीकत के
मुझ से

हर हकीकत ने दिखाए है करीब से चेहरे-ज़िन्दगी के
छुपे है जो नकाब मुझ से.. .

लेखन द्वारा विक्रांत।

*व्यू ऑन tumblr*

Advertisements

Leave a Reply